स्वास्थ्य

पीसीटो से पीड़ित महिलाओं में ज्यादा होता है हृदय रोग का खतरा

हृदय को अच्छा रखने के लिए सबसे महत्वपूर्ण है अपने आहार पर ध्यान देना।

एक अध्ययन से पता चला है कि एक सामान्य स्थिति में 30 से 40 वर्ष की महिलाओं (महिलाओं) में अंडाशय यानी ओवरी (अंडाशय) कैसे काम करता है और यह हृदय के स्वास्थ्य (हृदय स्वास्थ्य) को कैसे प्रभावित करता है।

  • आखरी अपडेट:6 नवंबर, 2020, 7:01 AM IST

पॉलीसिस्टिक ओवरी हाई (पीसीओ) महिलाओं में होने वाला एक हार्मोनल विकार है। यह महिलाओं में प्रजनन से संबंधित हार्मोनल असंतुलन की समस्या है। इससे पीड़ित महिलाओं में ओवरी यानी अंडाशय में कई छोटे छोटे सिस्ट यानी गांठे बन जाते हैं। आमतौर पर यह समस्या 15 से 45 साल की लड़कियों और महिलाओं में देखी जाती है। myUpchar के अनुसार, इसका संबंध मासिक धर्म में गड़बड़ी और शरीर में एंड्रॉइडोमॉर्म का स्तर बढ़ने से है। पीसीएस के लक्षणों में अनियमित माहवारी, प्रजनन क्षमता में कमी, असामान्य रूप से वजन बढ़ना व कम होना, मुननसे और रेशेज, शरीर पर अनचाहे बाल आना और बाल झड़ना, हृदय से संबंधित समस्याएं होना आदि शामिल हैं।

हाल ही में एक अध्ययन से पता चला है कि एक सामान्य स्थिति में 30 से 40 साल की महिलाओं में अंडाशय यानी ओवरी कैसे काम करती है और यह हृदय के स्वास्थ्य को कैसे प्रभावित करता है। पीसीटो से पीड़ित युवा महिलाओं में हृदय रोग होने की आशंका अधिक होती है। अध्ययन को यूरोपीय जर्नल ऑफ प्रिवेंटिव कार्ड सियोलिटी में प्रकाशित किया गया था, जो यूरोपियन सोसाइटी ऑफ कार्ड सियोलिंग का एक जर्नल है।

यह अनुमान है कि प्रजनन उम्र की 6 से 20 प्रतिशत महिलाओं में पॉलीसिस्टिक ओवरी वेर की समस्या है। पीसीएस की स्थिति में महिलाओं में अधिक वजन या मोटापे का जोखिम रहता है, इसके अलावा डायबिटीज और हाई बीपी की भी समस्या हो सकती है, जो कि हृदय रोग और स्ट्रोक का कारण बनती है। अध्ययन के माध्यम से पता लगाने की कोशिश की गई कि यह स्थिति कुछ समय के लिए रहती है या जीवन भर? शोधकर्ताओं के मुताबिक, पीसीएक्स के कुछ लक्षण केवल प्रजनन के वर्षों के दौरान ही मौजूद होते हैं, इसलिए यह संभव है कि आगे चलकर हृदय रोग। कम जोखिम कम हो।

अध्ययन में 1994 से 2015 तक ऐसी 60,574 महिलाएं शामिल थीं जो गर्भवती होने के लिए ट्रीटमेंट (जैसे कि आईवीएफ) ले रही थीं। इनमें से 6149 (10.2 प्रतिशत) को पीसीओ था। शोधकर्ताओं ने 9 साल तक महिलाओं का मेडिकल रिकॉर्ड देखा। इस अवधि के दौरान 2925 (4.8 प्रतिशत) महिलाओं में हृदय रोग पाया गया। पीसीटो से पीड़ित 30 और 40 साल की उम्र की महिलाओं को बिना पीसीटो वाली महिलाओं की तुलना में हृदय रोग का अधिक खतरा था। 30 से कम आयु वाली महिलाओं में इसके लक्षण कम स्पष्ट थे।

myUpchar के अनुसार, कई तरीकों से हृदय को स्वस्थ रखा जा सकता है। हृदय को अच्छा रखने के लिए सबसे महत्वपूर्ण है अपने आहार पर ध्यान देना क्योंकि हृदय रोग के लिए मधुमेह महत्वपूर्ण घटक होता है। इसके अलावा शारीरिक व्यायाम और पर्याप्त नींद लेना भी फायदेमंद होता है।अधिक जानकारी के लिए हमारा कलात्मक, पीसीओएस पढ़ें। न्यूज 18 पर स्वास्थ्य संबंधी लेख myUpchar.com द्वारा लिखित जाना।स्टेट्य स्वास्थ्य संबंधी खबरों के लिए myUpchar देश का सबसे पहला और बड़ा स्रोत है। myUpchar में शोधकर्ता और चिकित्सक, डॉक्टरों के साथ मिलकर आपके लिए स्वास्थ्य से जुड़े सभी बदलाव आते हैं।

टीकाकरण: इस लेख में दी गयी जानकारी कुछ विशेष स्वास्थ्य स्थितियों और उनके संभावित उपचार के संबंध में शैक्षणिक उद्देश्यों के लिए है। यह किसी योग्य और लाइसेंस प्राप्त चिकित्सक द्वारा दी जाने वाली स्वास्थ्य सेवा, जांच, निदान और इलाज का विकल्प नहीं है। यदि आप, आपका बच्चा या कोई करीबी ऐसी किसी स्वास्थ्य समस्या का सामना कर रहा है, जिसके बारे में यहाँ बताया गया है तो जल्द ही जल्द ही डॉक्टर से संपर्क करें। यहां पर दी गयी जानकारी का उपयोग किसी भी स्वास्थ्य संबंधी समस्या या बीमारी के निदान या उपचार के लिए बिना विशेषज्ञ की सलाह के ना करें। यदि आप ऐसा करते हैं तो ऐसी स्थिति में आपको होने वाले किसी भी तरह से संभावित नुकसान के लिए ना तो myUpchar और ना ही न्यूज़पेपर जिम्मेदार होगा।




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